Shree Kaalsarp Nagpash Yantra | श्री कालसर्प नागपाश यंत्र

1,551.00

Share Outside

श्री कालसर्प नागपाश यंत्र एक शक्तिशाली आध्यात्मिक उपकरण है, जिसे विशेष रूप से कालसर्प दोष के निवारण और राहु, केतु एवं शनि के नकारात्मक प्रभावों को कम करने के लिए निर्मित किया गया है। यह यंत्र केसर और चंदन की विशेष स्याही से भोजपत्र पर अंकित किया जाता है, जिसे विशेष नक्षत्र, तिथि और शुभ मुहूर्त में वेदोक्त विधि के अनुसार तैयार किया जाता है। पूर्ण निर्माण के पश्चात, इसे श्री राहु, केतु और शनि के अनुष्ठान में अभिमंत्रित किया जाता है, जिससे यह और अधिक प्रभावशाली बनता है。

कालसर्प दोष ज्योतिष शास्त्र में तब उत्पन्न होता है जब सभी ग्रह राहु और केतु के मध्य स्थित होते हैं, जिससे व्यक्ति के जीवन में अनेक बाधाएँ, विलंब और संघर्ष उत्पन्न होते हैं। श्री कालसर्प नागपाश यंत्र की स्थापना से इन प्रतिकूल प्रभावों को कम किया जा सकता है, जिससे जीवन में शांति, समृद्धि और समग्र कल्याण की प्राप्ति होती है。
स्थापना विधि:
स्थान का चयन: यंत्र को घर के पूजन स्थल में स्वच्छ एवं पवित्र स्थान पर स्थापित करें, जहाँ नियमित रूप से पूजा की जा सके।

शुद्धिकरण: स्थापना से पूर्व यंत्र को गंगा जल और कच्चे दूध से अभिषिक्त करें एवं स्वच्छ सफेद वस्त्र से पोंछ लें।

पूजन: यंत्र पर सफेद चंदन लगाकर, धूप-दीप जलाकर श्रद्धा एवं विश्वासपूर्वक पूजन करें।

मंत्र जाप: नित्य यंत्र के सम्मुख बैठकर निम्न मंत्र का जाप करें:

“अनंतं वासुकिं शेषं पद्मनाभं च कम्बलम्।
शंखपालं धृतराष्ट्रं तक्षकं कालियं तथा॥
एतानि नव नामानि नागानां च महात्मनाम्।
सायं काले पठेन्नित्यं प्रातः काले विशेषतः॥
तस्य विषभयं नास्ति सर्वत्र विजयी भवेत्॥”
The Natural 1plants https://thenaturalplants.com/?post_type=product&p=241000&preview=true

0:00
0:00
0
    0
    Your Cart
    Your cart is emptyReturn to Shop
    MAINZEUSMAINZEUSMAINZEUShttps://starazona.com/contacto/MAINZEUShttps://www.dovhlevin.com/https://stitta.ac.id/kontak/MAINZEUSMAINZEUSSLOT ZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUShttps://coavs.edu.pk/faculty/SLOT PULSAMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSULARWINULARWINMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUShttps://coes.dypgroup.edu.in/library/MAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUShttps://sethu.ac.in/seminar/MAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSJOKER4D>MAINZEUSMAINZEUSMAINZEUSLIVETOTOEBTtop111LIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBETJOKER4D>LIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBETlivetotobetmainzeuslivetotobetmainzeuslivetotobetskmbetskmbetskmbetlivetotobet LIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBETLIVETOTOBET SLOT2DSLOT2DSLOT2D JOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4DJOKER4D https://livetotobet1.com/contact-us/https://livetotobet1.com/privacy-policy/https://livetotobet1.com/produk/https://livetotobet1.com/refund-policy/https://livetotobet1.com/terms-condition/https://livetotobet1.com/about/https://www.snsrkscollege.ac.in/https://www.leiko.cz/https://www.christiandelorme.com/https://spidercarts.com/shop/misa66livetotobethttps://vidhatadevelopers.com/project/live totolive toto